विनम्र श्रद्धांजलि
विनम्र श्रद्धांजलि
बक्सर जिले के साहित्यकारों का जब कभी जिक्र होगा, उसमें आपका नाम अग्रिम पंक्ति में शुमार होगा। संघर्षशील, जुझारू, शांत, सौम्य, उच्च विचारों से सज्जित मां वागीशा के प्रिय पुत्र ओमप्रकाश पवननंदन जी को विनम्र श्रद्धांजलि
‘जाने वाले चले जाते हैं, यादों की खुशबू छोड़ जाते हैं ‘….. मीरा सिंह
विदित हो कि ओमप्रकाश पवननंदन जी प्रेरणा हिंदी प्रचारिणी सभा के सलाहकार मंडल में शामिल थे। काफी दिनों से अस्वस्थ थे पर हिंदी के प्रचार-प्रसार व हिंदी राष्ट्रभाषा के प्रति समर्पण भाव से काम कर रहे थे। कवि संगम त्रिपाठी संस्थापक प्रेरणा हिंदी प्रचारिणी सभा ने ऐसे महान व्यक्तित्व को श्रद्धांजलि दी है।